चेन्नई। क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर और प्रधानमंत्री की वैज्ञानिक सलाहकार परिषद के प्रमुख सीएन राव को भारत रत्न प्रदान करने से रोकने के लिए मद्रास हाईकोर्ट में एक याचिका दायर की गई है। याचिका में कहा गया है कि इस मामले में राष्ट्रपति की अधिसूचना का पालन नहीं किया गया है। राष्ट्रपति आगामी 26 जनवरी को राव और सचिन को भारत रत्न प्रदान करेंगे। खास बात यह है कि याचिका में वरिष्ठ वैज्ञानिक राव को भारत रत्न देने से रोकने की मांग तो की गई है लेकिन याचिकाकर्ता ने खुद स्वीकार किया है कि वह सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार पाने के हकदार हैं।
मुख्य न्यायाधीश जस्टिस आरके अग्रवाल और जस्टिस एम. सत्यनारायन की पीठ ने एक वकील की ओर से दायर इस याचिका पर सुनवाई 2 दिसंबर तक के लिए टाल दी है। अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल (एएसजी) पी विल्सन ने याचिका का विरोध करते हुए कहा कि भारत रत्न के बारे में केंद्र सरकार ने नियमों में बदलाव किए हैं। इनके तहत अब खिलाड़ी भी देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान पाने के हकदार है। इस पर पीठ ने एएसजी को सोमवार तक राष्ट्रपति की संशोधित अधिसूचना की प्रति पेश करने का निर्देश देते हुए सुनवाई स्थगित कर दी।
Source- Cricket News in Hindi