नई दिल्ली, जागरण ब्यूरो। दुष्कर्म वाले अपने विवादित बयान पर सार्वजनिक रूप से खेद जता चुके सीबीआइ निदेशक रंजीत सिन्हा ने बृहस्पतिवार को राष्ट्रीय महिला आयोग को जवाब भेज दिया है। जवाब में उन्होंने बयान पर खेद जताते हुए सफाई दी है।
सीबीआइ निदेशक ने कहा कि वे महिलाओं का सम्मान करते हैं और महिलाओं से जुड़े मुद्दों के प्रति प्रतिबद्ध हैं। लेकिन गलती से उन्होंने बहस के बीच एक कहावत से तुलना करते हुए 'रेप नहीं रोक पाने की स्थिति में उसका मजा लेना चाहिए' कह दिया। उनके कहने का मतलब ऐसा कतई नहीं था। देखना यह है कि राष्ट्रीय महिला आयोग रंजीत सिन्हा की सफाई से संतुष्ट होता है या नहीं।
सिन्हा ने बुधवार को भी अपने बयान पर सार्वजनिक रूप से खेद जताया था। लेकिन उनके खेद से असंतुष्ट राष्ट्रीय महिला आयोग ने नोटिस भेजकर 24 घंटे के भीतर जबाव-तलब कर लिया था। आयोग की निर्मला सामंत प्रभावलकर ने कहा कि 'यह उनकी बीमार मानसिकता को दर्शाता है और जबाव मिलने के बाद जरूरत पड़ने पर हम सरकार से उन्हें पद से हटाने की सिफारिश भी कर सकते हैं। लगातार तीन दिन छुंट्टी होने के कारण महिला आयोग अब सोमवार को सिन्हा की सफाई पर विचार करेगा।
Source- Hindi News