सिमडेगा, जासं। जंगली हाथियों को गांव से जंगल में खदेड़ने के दौरान उग्र हाथियों ने टार्जन गर्ल निर्मला के पिता मरियानुस टोपनो को बुधवार को कुचल कर मार डाला। शोर-शराबे से आक्रोशित हाथियों ने टार्जन गर्ल की भी बात नहीं सुनी। पिता के साथ मौके पर मौजूद निर्मला भी बाल-बाल बची। घटना ओडिशा के विरमित्रपुर के समीप देवकरण दफई जंगल में बुधवार की शाम हुई।
विरमित्रपुर के वन विभाग द्वारा हाथियों को भगाने के लिए ठेठईटांगर के सिंहरजोर गांव के रहने वाले निर्मला व उसके पिता मरियानुस को बुलाया गया था। वे हाथियों को अपने तरीके से जंगल में खदेड़ने का प्रयास कर रहे थे। वहां उमड़ी ग्रामीणों की भीड़ के शोर-शराबे से हाथियों का दल बिदक गया और हमला बोल
दिया। हाथियों के सबसे नजदीक रहे मरियानुस उनके शिकार बन गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हाथियों ने उन्हें पटक-पटक कर मार डाला। पास में ही उनकी बेटी टार्जन गर्ल भी थी, जो भाग कर अपनी जान बचा सकी। विदित हो कि इसके पूर्व जंगली हाथियों के झुंड ने एक पखवारे से ठेठईटांगर के जोराम के आस-पास के क्षेत्र में जमकर उत्पात मचा रखा था।
Source- News in Hindi
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