पणजी। भाजपा और कांग्रेस के बीच राष्ट्रीय स्तर पर छिड़ी जंग की छाया बुधवार को यहां शुरू हुए भारत के 44वें अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव (आइएफएफआइ) पर भी दिखाई दी। कांग्रेस ने जहां न्योता न मिलने की बात कह कर फिल्म महोत्सव का बहिष्कार कर दिया, वहीं प्रमुख कर्ताधर्ता विष्णु वाग ने समारोह से किनारा कर लिया। यह अलग बात है कि केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री मनीष तिवारी मौजूद रहे।
दस दिन चलने वाले समारोह की शुरुआत पुराने जमाने की जानीमानी अदाकारा वहीदा रहमान को शताब्दी फिल्म सम्मान देने के साथ हुई। विपक्ष के नेता प्रताप सिंह राणे उदघाटन समारोह से नदारद रहे।
गोवा कांग्रेस प्रमुख सुभाष शिरोडकर ने कहा कि समारोह में शामिल होने का निमंत्रण नहीं मिलने के कारण उनकी पार्टी का कोई भी सदस्य महोत्सव में नहीं गया। अध्यक्ष पद न मिलने से नाराज एंटरटेनमेंट सोसाइटी ऑफ गोवा (ईएसजी) के उपाध्यक्ष विष्णु वाग ने भी महोत्सव से किनारा कर लिया। हालांकि, उन्होंने व्यस्तता का बहाना बनाया है।
मुख्यमंत्री मनोहर पार्रिकर ने उन्हें ईएसजी का अध्यक्ष बनाने का आश्वासन दिया था जो पूरा नहीं हो सका। इससे नाराज वाग ने किनारा कर लिया। हॉलीवुड अभिनेत्री सुसान सारंडन समारोह में आकर्षण के केंद्र में रहीं।
ऑस्कर से सम्मानित चेक फिल्म निर्माता जिरी मेंजल को लाइफ टाइम एचीवमेंट पुरस्कार से नवाजा गया। इस मौके पर अभिनेत्री रेखा, रानी मुखर्जी, आशा भोंसले, कमल हासन जैसी कई हस्तियां मौजूद थीं।
Source- Entertainment Hindi News
No comments:
Post a Comment